मेधा संवर्धन 2025 का भव्य समापन: युवा प्रतिभाओं ने मनाया सांस्कृतिक उत्सव, विजेताओं को मिला सम्मान

लखनऊ, 15 नवंबर।
श्री जय नारायण मिश्र महाविद्यालय में आयोजित दो दिवसीय युवा सांस्कृतिक प्रतियोगिता मेधा संवर्धन 2025 का समापन शुक्रवार को पुरस्कार वितरण के साथ हुआ। मुख्य अतिथि डीएवी डिग्री कॉलेज, लखनऊ के प्राचार्य प्रो. राजीव त्रिपाठी ने विजयी प्रतिभागियों को सम्मानित किया और युवाओं को समय के सदुपयोग व आत्मनिर्माण का संदेश दिया। कार्यक्रम में कला, नृत्य, नाटक, साहित्य और रचनात्मकता से भरपूर विविध प्रस्तुतियां हुईं।
इस अवसर पर प्राचार्य प्रो. राजीव त्रिपाठी ने छात्र-छात्राओं से कहा कि युवाओं, आपका समय अत्यंत अनमोल है। इसके एक-एक पल को समझदारी से व्यतीत करें। अपने समय को सीखने, लिखने और आत्मनिर्माण में लगाएं, क्योंकि समय एक बार बीत गया तो वापस नहीं आता। उन्होंने विजयी प्रतिभागियों को शुभकामनाएं दीं और कहा कि सांस्कृतिक प्रतिभा और कला के माध्यम से आप देश का नाम रोशन करें।
मंत्री/प्रबंधक जी.सी. शुक्ला ने दीं सभी विजयी प्रतिभागियों को शुभकामनाएं
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे महाविद्यालय प्रबंध समिति के मंत्री/प्रबंधक जी.सी. शुक्ला ने सभी विजयी प्रतिभागियों को शुभकामनाएं दीं और कहा कि सांस्कृतिक मंच के माध्यम से युवा ऊर्जा को रचनात्मक दिशा मिलती है। महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. विनोद चंद्रा ने छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों को कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए बधाई दी। उन्होंने कहा कि सांस्कृतिक प्रतिभा के संवर्धन से व्यक्तित्व का संपूर्ण विकास संभव है।
सोचा नहीं था कि एक दिन मुझे इसी कॉलेज में सांस्कृतिक कार्यक्रम में बुलाया जाएगा-यजुर्वेद प्रताप सिंह
कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि, फिल्म अभिनेता एवं निर्माता श्री यजुर्वेद प्रताप सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि “मैं शालीमार चौराहा, इंदिरा नगर में रहता था। 2007 की बात है, जब मैं और मेरे साथी इसी मार्ग से होकर बांस मंडी और चारबाग में नुक्कड़ नाटक करने जाते थे। उस समय हमारे पास पैसे नहीं होते थे, इसलिए हम कई बार पैदल ही जाते थे। तभी पता चला था कि यहां केकेसी कॉलेज है, लेकिन तब नहीं सोचा था कि एक दिन मुझे इसी कॉलेज में सांस्कृतिक कार्यक्रम में बुलाया जाएगा।” उन्होंने बताया कि वह होटल मैनेजमेंट ग्रैजुएट हैं, मैकडोनाल्ड में स्टोर मैनेजर रह चुके हैं और बाद में अपने दिल की आवाज सुनकर अभिनय की ओर चले आए। लखनऊ आकर भारतेन्दु नाटक अकादमी में प्रशिक्षण प्राप्त किया।
उन्होंने छात्रों से कहा कि “आप भाग्यशाली हैं कि आपको अच्छे शिक्षक और प्रतिभा निखारने का अवसर मिल रहा है। लेकिन आप एक चीज़ मिस कर रहे हैं – पुस्तकों से दोस्ती। व्यक्तित्व विकास के लिए किताबों से दूर न हों। खूब पढ़िए और खूब बढ़िए।”महाविद्यालय सांस्कृतिक समिति की संयोजिका प्रो. पायल गुप्ता ने दो दिनों तक चली प्रतियोगिताओं की रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए बताया कि मेधा संवर्धन 2025 की 23 प्रतियोगिताओं में कुल 600 से अधिक छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग किया।


छात्र-छात्राओं ने प्रस्तुत किए गरबा, बिहू, राजस्थानी, कुमाऊनी और उत्तर प्रदेश के लोकनृत्य
आज के कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं ने गुजरात का गरबा, असम का बिहू, राजस्थानी, कुमाऊनी और उत्तर प्रदेश के लोकनृत्य प्रस्तुत किए। “दूल्हे का सेहरा”, “बोडो लोकर बेटी लोल”, “मिश्री से मीठी बात थारी”, “जोगीरा”, “चुनरी तेरी लहराई” जैसे लोकगीतों पर प्रतिभागियों ने उत्साह से नृत्य किया। वहीं देवांशु की टीम की प्रस्तुति “जो प्रेम गली में आए नहीं, वो प्रेम हमारा क्या जाने” ने सभी का मन मोह लिया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. अल्का शर्मा ने किया। कार्यक्रम के सफल समापन पर डॉ. अनामिका सक्सेना ने सभी के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर महाविद्यालय प्रबंध समिति के सदस्य माधव लखमानी, डॉ. अंशुमालि शर्मा, सांस्कृतिक समिति के सभी सदस्य, अनेक शिक्षक एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।


मेधा संवर्धन 2025 – युवा सांस्कृतिक प्रतियोगिता के विजेता
सोलो क्लासिकल सांग
प्रथम: जतिन
द्वितीय: सृष्टि श्रीवास्तव
सोलो सॉन्ग (सुगम संगीत)
प्रथम: अशिष रावत
द्वितीय: कार्तिकेय मिश्रा
तृतीय: सुधांश राय
स्वरचित काव्य पाठ
प्रथम: शिखर शर्मा
द्वितीय: राखी साहू
तृतीय: नंदिनी गौरी शुक्ला
थिएटर एवं ड्रामा
प्रथम: नंदिनी एवं हिमांशी की टीम
द्वितीय: सौरव एवं अयान की टीम
तृतीय: अभ्युदय एवं रुद्रांश पाण्डेय की टीम
स्टॉल डेकोरेशन
प्रथम: उत्कर्ष एवं शिवांगी की टीम
द्वितीय: निवेदिता एवं तनिशा की टीम
तृतीय: सौरभ वर्मा की टीम
कहानी लेखन प्रतियोगिता
प्रथम: सीता यादव
द्वितीय: अंशिका कश्यप
तृतीय: अनुष्का सिंह
वाद-विवाद प्रतियोगिता
प्रथम: तनिशा एवं छाया मिश्रा
द्वितीय: कोमल तिवारी एवं एशनी पाठक
तृतीय: सृष्टि यादव एवं वैभवी श्रीवास्तव
क्विज प्रतियोगिता
प्रथम: सत्यम एवं शिवांगी
द्वितीय: आलोक एवं आदित्य
तृतीय: मुस्कान एवं अंशिका
पेंटिंग प्रतियोगिता
प्रथम: रितिका
द्वितीय: प्रकृति
तृतीय: निवेदिता
लघु फिल्म एवं डॉक्यूमेंट्री फिल्म प्रतियोगिता
प्रथम: सनी
द्वितीय: विपिन
तृतीय: सौरभ
परिधान उत्सव (फैशन शो प्रतियोगिता)
प्रथम: सौरभ एवं कनिष्क की टीम
द्वितीय: शौर्य एवं सोनाली की टीम
तृतीय: शगुन एवं इशा की टीम
नुक्कड़ नाटक प्रतियोगिता
प्रथम: नंदिनी एवं सलोनी की टीम
द्वितीय: गणेश चंद्र चौरासिया की टीम
तृतीय: आशुतोष एवं ईशान की टीम



