गोरखपुर जंक्शन को मिलेगा विश्वस्तरीय स्वरूप, रेलवे बोर्ड अध्यक्ष ने किया निरीक्षण
सीईओ रेलवे बोर्ड सतीश कुमार ने गोरखपुर में लोको रनिंग रूम, स्टेशन परिसर का लिया जायजा

गोरखपुर, 19 जून 2025
रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी सतीश कुमार ने आज गोरखपुर जंक्शन का व्यापक निरीक्षण किया। उन्होंने महाप्रबंधक पूर्वोत्तर रेलवे सौम्या माथुर, डीआरएम/लखनऊ गौरव अग्रवाल और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ क्रू लॉबी, एकीकृत क्रू रनिंग रूम, स्टेशन परिसर तथा प्रस्तावित पुनर्विकास कार्यों की समीक्षा की। निरीक्षण की शुरुआत अत्याधुनिक लोको पायलट रनिंग रूम से हुई, जहां वातानुकूलित विश्राम कक्ष, स्वच्छता, बेहतरीन बेड, वाई-फाई जैसी सुविधाएं देखकर उन्होंने संतोष जताया और कहा कि लोको पायलट रेलवे की रीढ़ हैं।

500 करोड़ की लागत से गोरखपुर जंक्शन को विश्वस्तरीय स्वरूप देने की प्रक्रिया तेज
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत 500 करोड़ की लागत से गोरखपुर जंक्शन को विश्वस्तरीय स्वरूप देने की प्रक्रिया तेज है। स्टेशन पर रूफ प्लाजा, फूड कोर्ट, बच्चों के जोन, दिव्यांगों के लिए लिफ्ट व ब्रेल साइनेज जैसी सुविधाएं जोड़ी जा रही हैं। श्री सतीश कुमार ने निर्माण गुणवत्ता की सराहना करते हुए इसे समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि 2025-26 के रेल बजट में उत्तर प्रदेश को 19,858 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है, जो 2009-14 के औसत बजट से 18 गुना अधिक है। प्रदेश में 157 रेलवे स्टेशन अमृत भारत योजना में चयनित हैं, जिनमें पूर्वोत्तर रेलवे के 58 स्टेशन शामिल हैं। उन्होंने बताया कि गोरखपुर को 20 जून को पाटलिपुत्र से आने वाली दूसरी वंदे भारत एक्सप्रेस की सौगात मिलेगी, जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे।

रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी सतीश कुमार ने रेल परियोजनाओं की प्रगति जैसे खलीलाबाद-बहराइच नई लाइन, डोमिनगढ़-कुसम्ही तीसरी लाइन और आमान परिवर्तन कार्यों की भी जानकारी दी। साथ ही यूनियन प्रतिनिधियों से संवाद कर वेतन, पदोन्नति व चिकित्सा सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की और समाधान का आश्वासन दिया। गोरखपुर स्टेशन निरीक्षण के इस दौरे को रेलवे के बुनियादी ढांचे और यात्री सुविधाओं के विस्तार की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।



